कांग्रेसजनों ने याद किया इंदिरा गांधी व सरदार पटेल को

देहरादून। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह के नेतृत्व में कांग्रेसजनों ने भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय इन्दिरा गांधी के शहादत दिवस एवं भारत रत्न स्व. सरदार बल्लभ भाई पटेल की जयंती के अवसर प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय मे दोनों नेताओं के चित्रों पर मल्यार्पण करते हुये उन्हें अपने श्रद्धा सुमन अर्पित किये तथा उनके द्वारा देश के लिये किये गये बलिदान को याद करते हुये सम्पूर्ण समाज को उनके उनके बाताये मार्ग पर चलने का आहवान किया। इस अवसर पर गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन पूर्व महानगर अध्यक्ष लालचन्द शर्मा ने किया।
इससे पूर्व प्रदेश कांग्रेस प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने इन्दिरा मार्केट स्थित स्व इन्दिरा गांधी की मूर्ति एवं घण्टाघर स्थित स्व.सरदार पटेल की मूर्ति पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर प्रदेश कार्यालय में आयोजित गोष्ठी में बोलते हुए कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि आज हम राष्ट्र एवं विश्व की महान जननायिका तथा देश की एकता के लिए अपने प्राणों को न्यौछावर करने वाली त्याग और बलिदान की प्रतिमूर्ति, मात्र शक्ति स्व. इन्दिरा गांधी जी एवं भारत के लौह पुरूष सरदार बल्लभ भाई पटेल को श्रद्धांजलि देने के लिए एकत्र हुए हैं। उनका कहना है कि जहां स्व. इन्दिरा गांधी ने अपनी प्रतिभा कौशल एवं विद्यता से देश को प्रगति के पथ पर लाने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी तथा गरीबी निवारण के साथ-साथ बैंकों का राष्ट्रीयकरण, बीस सूत्रीय कार्यक्रम जैसे विकासोन्मुखी कार्यक्रम शुरू करने के साथ ही सामाजिक समरसता एवं सद्भाव को मजबूत बनाने की दिशा में अनेकों उल्लेखनीय कार्य किये थे। वहीं सरदार बल्लभ भाई पटेल ने देश के विभिन्न प्रान्तों के एकीकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए मजबूत भारत की नींव रखने का काम किया था। स्व. इन्दिरा ने विश्व ख्याति प्राप्त करते हुए समूचे विश्व का ध्यान भारत की ओर आकर्षित किया और देश के दुश्मनों का सिर झुका कर भारत की सम्प्रभुता मानने को मजबूर किया। उन्होंने शिमला समझौता तरते हुए शांति की दिशा में एक और कदम उठाकर गुट निरपेक्ष आन्दोलन की अध्यक्ष निर्वाचित होकर विश्व में भारत के गौरव को बढ़ाया।
प्रीतम सिह ने कहा कि हम सब को मिलकर उनके बताये हुए रास्ते पर चल कर एक शक्तिशाली भारत के निर्माण के उनके सपने को साकार करने के लिए अपनी सहभागिता निभान है यही उन्हें हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी। इस अवसर पर नेता प्रतिपक्ष डॉ. इन्दिरा हृदयेश ने अपने संबोधन में कहा कि स्व. इन्दिरा गांधी समाज की एकता और अखण्डता को बनाये रखने तथा साम्प्रदायिकता व विघटनकारी कट्टरवादी ताकतों की चुनौती का सामना करने की असीम शक्ति रखती थी। वे बुनियादी तौर पर धर्मनिरपेक्ष और लोकतांत्रिक तरीके से समाज के सभी वर्गो को समान अधिकार देने में विश्वास रखती थी। इस अवसर पर पूर्व प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने अपने संबोधन में स्वर्गीय इन्दिरा गांधी का व्यक्तित्व अतुलनीय था। अपनी प्रशासनिक क्षमता और दूर दर्शिता के इरादे से उन्होंने देश को विश्व के मानचित्र पर अलग पहचान दिलवाई। देश का नेतृत्व कर चुकी स्व. इन्दिरा का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि महिलाओं में नेतृत्व की क्षमता पुरूषों से अधिक होती है। उन्होने कहा कि आज महिलायें समाज में पुरूषों के कंधे से कंधा मिलाकर चल रही हैं तथा हर क्षेत्र में पुरूषों से आगे निकल चुकी हैं। इस अवसर पर कार्यक्रम को पूर्व मंत्री मातवर सिह कण्डारी, दिनेश अग्रवाल, प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना, राजेन्द्र भण्डारी, पूर्व विधायक गणेश गोदियाल, विक्रम सिह नेगी, जोत सिहं गुनसोला, मदन सिंह बिष्ट, अनूसूया प्रसाद मैखुरी, बलवीर सिंह नेगी, राजकुमार, शैलेन्द्र रावत, शंकर चन्द रमोला, रविन्द्र जैन, महामंत्री विजय सारस्वत आदि ने संबोधित किया।